12 दिसंबर को वर्ष की अंतिम नेशनल लोक अदालत, बैंक ऋण से जुड़े मामलों का होगा आपसी सहमति से निराकरण
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की बैठक में बैंक अधिकारियों को अधिक से अधिक प्रकरण लोक अदालत में प्रस्तुत करने के निर्देश, ऋणधारकों को मिलेगी समझौते की सुविधा
महेंद्र देवड़ा झाबुआ ✍️
झाबुआ,। आम नागरिकों को त्वरित, सुलभ एवं आपसी सहमति से न्याय उपलब्ध कराने के उद्देश्य से 12 दिसंबर 2026 को आयोजित होने वाली वर्ष की अंतिम नेशनल लोक अदालत की तैयारियां शुरू हो गई हैं। इसी क्रम में बुधवार को जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, झाबुआ के तत्वावधान में जिले के समस्त बैंकों के अधिकारियों की बैठक आयोजित की गई।
बैठक प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की अध्यक्ष श्रीमती आशिता श्रीवास्तव के मार्गदर्शन में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव एवं जिला न्यायाधीश श्री दिनेश देवड़ा की अध्यक्षता में संपन्न हुई। इस दौरान जिला विधिक सहायता अधिकारी श्री जयदेव माणिक भी उपस्थित रहे।
बैठक में जिला न्यायाधीश श्री देवड़ा ने कहा कि नेशनल लोक अदालत लंबित मामलों के निराकरण के साथ ही पक्षकारों के बीच आपसी सहमति और सद्भाव से विवादों का स्थायी समाधान करने का प्रभावी माध्यम है। बैंक ऋण वसूली, बकाया राशि एवं अन्य वित्तीय विवादों का आपसी समझौते से निराकरण कर आम नागरिकों को लंबी न्यायालयीन प्रक्रिया से राहत दिलाई जा सकती है।
उन्होंने बैंक अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे लंबित एवं प्रीलिटिगेशन प्रकरणों को चिह्नित कर अधिक से अधिक मामलों को लोक अदालत में प्रस्तुत करने की तैयारी करें। साथ ही समझौते योग्य ऋण खातों की सूची तैयार कर संबंधित ऋणधारकों को समय रहते सूचना एवं नोटिस जारी करें।
एकमुश्त समझौते और छूट की योजनाओं की मिलेगी जानकारी
श्री देवड़ा ने बैंक अधिकारियों से ऋणधारकों के प्रति सकारात्मक एवं सहयोगात्मक व्यवहार अपनाने तथा नियमानुसार एकमुश्त समझौता, छूट एवं अन्य उपलब्ध योजनाओं की जानकारी देने की अपील की, ताकि अधिक से अधिक प्रकरणों का आपसी सहमति से निराकरण हो सके।
बैठक में बैंक एलडीएम श्री गणेश सोनी सहित जिले के समस्त बैंकों के शाखा प्रबंधक उपस्थित रहे।